ग्रेटर नोएडा, द न्यूज क्लिक। पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर की ‘मिशन सहयोग’ मुहिम के तहत सेंट्रल नोएडा पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए 101 गुम हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। सर्विलांस सेल की टीम ने तकनीकी विश्लेषण और CEIR पोर्टल की मदद से अलग-अलग कंपनियों के इन स्मार्टफोन को ट्रेस कर बरामद किया। बरामद मोबाइल फोन की कुल अनुमानित कीमत करीब 35 लाख रुपये बताई गई है। बुधवार को पुलिस ने बरामद किए गए सभी 101 मोबाइल फोन उनके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिए। लंबे समय बाद अपना कीमती मोबाइल वापस मिलने पर लोगों के चेहरे पर खुशी साफ नजर आई। मोबाइल प्राप्त करने वाले लोगों ने गौतमबुद्धनगर पुलिस का आभार जताते हुए पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना की।
पुलिस कमिश्नर के निर्देशन में चला अभियान
पुलिस के मुताबिक यह कार्रवाई पुलिस कमिश्नर गौतमबुद्धनगर लक्ष्मी सिंह के निर्देशन और पुलिस उपायुक्त सेंट्रल नोएडा शैलेंद्र कुमार सिंह के नेतृत्व में की गई। सर्विलांस सेल की टीम ने गुम हुए मोबाइल फोन की जानकारी जुटाकर तकनीकी संसाधनों के माध्यम से उनका पता लगाने का प्रयास किया। टीम ने CEIR पोर्टल की सहायता से मोबाइल फोन को ट्रेस किया और उनकी बरामदगी सुनिश्चित की।
भीड़भाड़ वाली जगहों पर गुम हुए थे ज्यादातर फोन
पुलिस के अनुसार बरामद किए गए अधिकांश मोबाइल फोन लोगों के भीड़भाड़ वाले स्थानों, बाजारों, ऑटो और बसों में सफर के दौरान गुम या छूट गए थे। इसके अलावा कुछ मोबाइल फोन सुबह-शाम टहलने के दौरान भी गिर गए थे। मोबाइल फोन गुम होने के बाद उनके मालिकों ने सेंट्रल नोएडा जोन के अलग-अलग थानों में इसकी शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतों के आधार पर सर्विलांस सेल ने मोबाइल फोन की तकनीकी जानकारी जुटाई और उन्हें ट्रेस करने की प्रक्रिया शुरू की।
तकनीकी विश्लेषण से मिली सफलता
सर्विलांस सेल ने आधुनिक तकनीकी संसाधनों और CEIR पोर्टल का इस्तेमाल करते हुए गुम हुए मोबाइल फोन की लोकेशन और इस्तेमाल से संबंधित जानकारी का विश्लेषण किया। इसके बाद अलग-अलग स्थानों से मोबाइल फोन बरामद किए गए। बरामदगी के बाद पुलिस टीम ने मोबाइल फोन के वास्तविक स्वामियों की पहचान और संबंधित दस्तावेजों का सत्यापन किया। प्रक्रिया पूरी होने के बाद बुधवार को 101 मोबाइल फोन उनके मालिकों को सुपुर्द कर दिए गए।
मोबाइल वापस मिला तो चेहरे पर लौटी मुस्कान
कीमती मोबाइल फोन वापस मिलने की उम्मीद छोड़ चुके लोगों को जब पुलिस ने उनका फोन सौंपा तो उनके चेहरे पर खुशी देखने को मिली। कई लोगों के लिए मोबाइल सिर्फ महंगा इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ही नहीं, बल्कि उसमें मौजूद जरूरी संपर्क, फोटो, दस्तावेज और अन्य व्यक्तिगत जानकारी के कारण भी बेहद महत्वपूर्ण था। मोबाइल वापस पाने वाले लोगों ने गौतमबुद्धनगर पुलिस और सर्विलांस सेल की टीम का धन्यवाद किया। लोगों ने कहा कि पुलिस की इस पहल से उन्हें अपना खोया हुआ सामान वापस मिला और पुलिस के प्रति उनका भरोसा और मजबूत हुआ।
‘मिशन सहयोग’ के तहत की गई यह कार्रवाई तकनीकी संसाधनों के प्रभावी इस्तेमाल और पुलिस की सक्रियता का उदाहरण है। 101 मोबाइल फोन की बरामदगी से न केवल लोगों को आर्थिक राहत मिली, बल्कि उन्हें उनकी महत्वपूर्ण डिजिटल संपत्ति भी वापस मिल गई।

