ग्रेटर नोएडा, द न्यूज क्लिक। उत्तर प्रदेश सरकार के उत्तर प्रदेश रोजगार मिशन के अंतर्गत गौतमबुद्धनगर में रोजगार सृजन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। जिला सेवायोजन कार्यालय, गौतमबुद्धनगर द्वारा जीएनआईओटी, ग्रेटर नोएडा में आयोजित विशेष कार्यक्रम के दौरान उत्तर प्रदेश सरकार और प्रतिष्ठित संस्था आर्या फैशन्स के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MOU) पर हस्ताक्षर किए गए।

इस एमओयू का उद्देश्य प्रदेश के युवाओं को कौशल विकास, व्यावसायिक प्रशिक्षण, इंटर्नशिप और रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है, ताकि उन्हें उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप प्रशिक्षित कर रोजगार और स्वरोजगार के लिए सक्षम बनाया जा सके। सरकार का लक्ष्य उद्योग और शिक्षा संस्थानों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर अधिक से अधिक युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराना है।
दो वर्षों से रोजगार मिशन में निभा रही सक्रिय भूमिका
कार्यक्रम में जानकारी दी गई कि आर्या फैशन्स पिछले दो वर्षों से उत्तर प्रदेश रोजगार मिशन के अंतर्गत सक्रिय रूप से कार्य कर रही है। इस अवधि में संस्था ने प्रदेश के विभिन्न कॉलेजों, विश्वविद्यालयों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों के अनेक युवाओं को इंटर्नशिप, स्किल ट्रेनिंग और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए हैं। संस्था लगातार उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप युवाओं को प्रशिक्षित कर उन्हें रोजगार से जोड़ने का कार्य कर रही है।
डॉ. खुशबू सिंह ने जताया सरकार का आभार
आर्या फैशन्स की संस्थापक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) डॉ. खुशबू सिंह ने इस अवसर पर कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उनकी संस्था पर विश्वास जताते हुए एमओयू किया जाना उनके लिए गर्व और सम्मान की बात है।
उन्होंने कहा कि आर्या फैशन्स भविष्य में भी उत्तर प्रदेश सरकार के रोजगार मिशन सहित अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं में पूरी निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ कार्य करती रहेगी तथा अधिक से अधिक युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने का प्रयास करेगी।
अन्य उद्योगों के लिए भी बनेगा प्रेरणा स्रोत
जिला सेवायोजन अधिकारी श्रीमती मनीषा अत्री ने कहा कि इस प्रकार के एमओयू प्रदेश के अन्य उद्योगों के लिए भी प्रेरणादायक साबित होंगे। उन्होंने कहा कि जब निजी उद्योग सरकार के साथ मिलकर रोजगार सृजन की दिशा में कार्य करेंगे, तो युवाओं को अधिक अवसर मिलेंगे और प्रदेश की अर्थव्यवस्था भी मजबूत होगी।
उन्होंने उद्योग जगत से अपील की कि वे भी आगे आकर उत्तर प्रदेश रोजगार मिशन से जुड़ें और युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं।
शिक्षण संस्थानों और उद्योग जगत की रही सहभागिता
इस अवसर पर विभिन्न शिक्षण संस्थानों, एमएसएमई (MSME) इकाइयों, औद्योगिक संगठनों तथा उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने भी कार्यक्रम में भाग लिया। उपस्थित विशेषज्ञों ने रोजगार, कौशल विकास और उद्योगों की वर्तमान आवश्यकताओं पर विचार साझा किए तथा युवाओं को रोजगार के लिए तैयार करने पर जोर दिया।
रोजगार मिशन को मिलेगा नया आयाम
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की साझेदारियां शिक्षा और उद्योग के बीच की दूरी को कम करेंगी। इससे युवाओं को पढ़ाई के साथ-साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण मिलेगा और उन्हें रोजगार पाने में आसानी होगी। साथ ही उद्योगों को भी प्रशिक्षित और कुशल मानव संसाधन उपलब्ध हो सकेगा।
यह एमओयू उत्तर प्रदेश सरकार के रोजगार सृजन, कौशल विकास और आत्मनिर्भर युवा बनाने के लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।

