ग्रेटर नोएडा, द न्यूज क्लिक। सावन माह में कांवड़ यात्रा को लेकर ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। आगामी 11 अगस्त को बड़ी संख्या में कांवड़िए हरिद्वार और अन्य तीर्थस्थलों से गंगाजल लेकर भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे। इसे देखते हुए प्राधिकरण ने कांवड़ मार्गों को पूरी तरह सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए व्यापक अभियान शुरू कर दिया है। सड़कों की मरम्मत, गड्ढों को भरने, जल निकासी व्यवस्था दुरुस्त करने, साफ-सफाई, स्ट्रीट लाइटों की जांच तथा खुले बिजली पैनल बॉक्स बंद करने का कार्य युद्धस्तर पर कराया जा रहा है।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ रवि कुमार एनजी के निर्देश पर सभी संबंधित विभागों को तय समय सीमा के भीतर तैयारियां पूरी करने के आदेश दिए गए हैं। वहीं ओएसडी अभिषेक पाठक लगातार विभिन्न कांवड़ मार्गों का निरीक्षण कर कार्यों की निगरानी कर रहे हैं, ताकि यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
खुले बिजली पैनल बॉक्स किए जा रहे सुरक्षित
बरसात के मौसम को देखते हुए बिजली से जुड़े संभावित हादसों को रोकने के लिए प्राधिकरण के विद्युत अभियांत्रिकी विभाग ने विशेष अभियान चलाया है। शहर के प्रमुख मार्गों और सेक्टरों में खुले पड़े स्ट्रीट लाइट पैनल बॉक्स बंद किए जा रहे हैं। इसके साथ ही क्षतिग्रस्त एवं जर्जर बिजली के खंभों को बदला जा रहा है और जहां आवश्यकता है, वहां उनकी मरम्मत भी कराई जा रही है। विद्युत विभाग की टीमें लगातार फील्ड में रहकर कांवड़ मार्गों का निरीक्षण कर रही हैं। कासना-खेरली तिराहा, कासना-होंडा मार्ग, 130 मीटर रोड, 105 मीटर रोड, सूरजपुर-कासना मार्ग सहित अन्य प्रमुख रास्तों पर अधिकांश खुले पैनल बॉक्स सुरक्षित किए जा चुके हैं। इसके अलावा अल्फा, बीटा, गामा, डेल्टा और पी-3 सहित विभिन्न आवासीय सेक्टरों में भी सुरक्षा संबंधी कार्य तेजी से पूरे किए जा रहे हैं।
सड़कों के गड्ढे भरने और जल निकासी पर विशेष फोकस
कांवड़ यात्रा के दौरान लाखों श्रद्धालुओं की आवाजाही को देखते हुए परियोजना विभाग द्वारा सड़कों की मरम्मत भी तेज कर दी गई है। सिरसा गोलचक्कर से खेरली तिराहा तथा दनकौर-सिकंदराबाद मार्ग सहित कई महत्वपूर्ण मार्गों पर पैच रिपेयरिंग कर गड्ढों को भर दिया गया है। परियोजना विभाग के वरिष्ठ प्रबंधक नागेंद्र सिंह ने बताया कि जिन मार्गों से अधिक संख्या में कांवड़ियों के गुजरने की संभावना है, वहां विशेष प्राथमिकता के आधार पर सड़क मरम्मत, साफ-सफाई और जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। बारिश के दौरान कहीं भी जलभराव न हो, इसके लिए नालों और ड्रेनों की भी सफाई कराई जा रही है।
कलाधाम हादसे के बाद सुरक्षा व्यवस्था और सख्त
हाल ही में कलाधाम सोसाइटी में नलकूप निर्माण के लिए खोदे गए गड्ढे में पानी भर जाने से छह वर्षीय बच्चे की दर्दनाक मौत के बाद प्राधिकरण ने सुरक्षा मानकों को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरती है। अब सभी निर्माण स्थलों पर बैरिकेडिंग, चेतावनी संकेतक और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। प्राधिकरण अधिकारियों का कहना है कि कांवड़ यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की दुर्घटना की संभावना को पूरी तरह समाप्त करने के उद्देश्य से सभी संवेदनशील स्थानों की विशेष निगरानी की जा रही है।
ओएसडी अभिषेक पाठक बोले— सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के ओएसडी अभिषेक पाठक ने बताया कि कांवड़ यात्रा को लेकर सभी विभागों के साथ समन्वय बनाकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं। बिजली के खुले पैनल बॉक्स बंद किए जा रहे हैं, जर्जर खंभों को बदला जा रहा है और सड़क मरम्मत का कार्य तेजी से कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा सुनिश्चित करना प्राधिकरण की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
सीईओ रवि कुमार एनजी का बयान
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ रवि कुमार एनजी ने कहा “कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि सड़क मरम्मत, जल निकासी, साफ-सफाई, स्ट्रीट लाइट, खुले बिजली पैनल बॉक्स तथा अन्य सुरक्षा संबंधी सभी कार्य समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं। किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अधिकारी नियमित रूप से फील्ड में रहकर कार्यों की निगरानी करें, ताकि कांवड़ यात्रियों को सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित यात्रा का अनुभव मिल सके।”
प्राधिकरण का लक्ष्य है कि कांवड़ यात्रा शुरू होने से पहले सभी प्रमुख मार्ग पूरी तरह सुरक्षित, स्वच्छ और व्यवस्थित हों, जिससे लाखों श्रद्धालु बिना किसी परेशानी के अपने गंतव्य तक पहुंच सकें।

