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Wednesday, August 19, 2026
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    Ramlella News : ग्रेटर नोएडा की रामलीला में इस बार क्या होगा खास?, श्री धार्मिक रामलीला कमेटी ने तैयार किया भव्य आयोजन का खाका, 13 सितंबर को होगा बड़े बदलावों का खुलासा, 11 से 20 अक्टूबर तक सेक्टर पाई-1 में होगा रामलीला मंचन, भव्यता के साथ धार्मिक गरिमा और आधुनिक व्यवस्थाओं पर जोर, इस बार ‘नया क्या होगा’, अभी बना हुआ है सस्पेंस, केवल रामलीला नहीं, संस्कार और संस्कृति का संदेश

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    ग्रेटर नोएडा, द न्यूज क्लिक। ग्रेटर नोएडा में भगवान श्रीराम की लीला के भव्य मंचन की तैयारियां अब तेज हो गई हैं। श्री धार्मिक रामलीला कमेटी, ग्रेटर नोएडा इस वर्ष रामलीला को पहले से अधिक भव्य, व्यवस्थित और प्रभावशाली स्वरूप देने की तैयारी में जुट गई है। आगामी 11 से 20 अक्टूबर 2026 तक सेक्टर पाई-1 स्थित रामलीला मैदान में दस दिवसीय रामलीला मंचन आयोजित किया जाएगा। खास बात यह है कि इस बार कमेटी की ओर से कुछ नए प्रयोग और विशेष व्यवस्थाएं किए जाने की तैयारी है, लेकिन इनका पूरा खुलासा फिलहाल नहीं किया गया है।

    इन्हीं तैयारियों को लेकर रविवार, 16 अगस्त 2026 को बीटा-2 स्थित भृगु आश्रम के पवित्र परिसर में श्री धार्मिक रामलीला कमेटी की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। बैठक में आगामी रामलीला के मंचन, व्यवस्थाओं, दर्शकों की सुविधा, आयोजन की भव्यता, धार्मिक स्वरूप और संभावित नए प्रयोगों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक की अध्यक्षता एवं मार्गदर्शन कमेटी के मुख्य संस्थापक परम पूज्य गोस्वामी सुशील जी महाराज ने किया, जबकि संचालन कमेटी के अध्यक्ष आनंद भाटी ने किया। बैठक में मौजूद पदाधिकारियों और सदस्यों में इस वर्ष की रामलीला को यादगार बनाने को लेकर खासा उत्साह दिखाई दिया। सदस्यों ने स्पष्ट किया कि आयोजन केवल परंपरा निभाने तक सीमित न रहे, बल्कि ऐसा स्वरूप तैयार किया जाए जिससे ग्रेटर नोएडा के साथ-साथ आसपास के क्षेत्रों से आने वाले दर्शकों को भी धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक अनुभव मिल सके।

    11 अक्टूबर से शुरू होगा दस दिवसीय रामलीला मंचन

    श्री धार्मिक रामलीला कमेटी की ओर से इस वर्ष 11 अक्टूबर से 20 अक्टूबर 2026 तक सेक्टर पाई-1 के रामलीला मैदान में भव्य रामलीला का मंचन किया जाएगा। दस दिनों तक चलने वाले इस आयोजन में भगवान श्रीराम के जीवन, आदर्शों और मर्यादा से जुड़े विभिन्न प्रसंगों का मंचन किया जाएगा। कमेटी का प्रयास है कि मंचन में धार्मिक भावनाओं और भारतीय संस्कृति की गरिमा के साथ आधुनिक प्रस्तुति तकनीक और बेहतर आयोजन व्यवस्था का समन्वय किया जाए। बैठक में मंच, दर्शक दीर्घा, आयोजन स्थल की व्यवस्थाओं, अनुशासन और अन्य जरूरी तैयारियों को लेकर भी सदस्यों ने अपने सुझाव दिए।

    श्री धार्मिक रामलीला कमेटी ने तैयार किया भव्य आयोजन का खाका, 13 सितंबर को होगा बड़े बदलावों का खुलासा

    इस बार ‘नया क्या होगा’, अभी बना हुआ है सस्पेंस

    बैठक का सबसे महत्वपूर्ण विषय यही रहा कि इस वर्ष रामलीला में नया क्या किया जाए, जिससे आयोजन को अलग पहचान मिले। कमेटी के सदस्यों ने मंचन के प्रारूप, प्रस्तुति की शैली, दर्शकों की सुविधाओं और आयोजन स्थल की व्यवस्थाओं को लेकर विस्तार से मंथन किया। बैठक में यह भी चर्चा हुई कि रामलीला मैदान में आने वाले श्रद्धालुओं और दर्शकों को बेहतर अनुभव कैसे दिया जाए। मंचन को अधिक प्रभावशाली और आकर्षक बनाने के साथ-साथ पूरे परिसर को अधिक व्यवस्थित करने पर जोर दिया गया।

    हालांकि कमेटी ने अभी अपनी विशेष योजनाओं का पूरा खुलासा नहीं किया है। पदाधिकारियों के मुताबिक इस बार की कई महत्वपूर्ण तैयारियों और बदलावों की जानकारी 13 सितंबर 2026 को होने वाले भूमि पूजन समारोह के दौरान मीडिया और शहरवासियों के सामने रखी जाएगी।

    13 सितंबर को खुलेगा रामलीला के नए स्वरूप का राज

    कमेटी के लिए 13 सितंबर 2026 का दिन बेहद महत्वपूर्ण होने जा रहा है। इसी दिन भूमि पूजन समारोह के साथ आगामी रामलीला आयोजन के नए स्वरूप की औपचारिक शुरुआत होगी। भूमि पूजन समारोह में रामलीला के मंचन का प्रारूप, विशेष व्यवस्थाएं, संभावित नए प्रयोग और आयोजन को लेकर तैयार की गई विस्तृत योजना सार्वजनिक किए जाने की संभावना है। कमेटी की ओर से मीडिया के माध्यम से इन जानकारियों को शहर और समाज के सामने रखा जाएगा।

    यही वजह है कि 13 सितंबर को होने वाले भूमि पूजन को लेकर अभी से धार्मिक और सामाजिक क्षेत्र में उत्सुकता बढ़ने लगी है। लोगों की नजर इस बात पर है कि इस बार श्री धार्मिक रामलीला कमेटी आयोजन में कौन से नए प्रयोग करने जा रही है।

    केवल रामलीला नहीं, संस्कार और संस्कृति का संदेश

    बैठक में रामलीला के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व पर भी चर्चा हुई। कमेटी के पदाधिकारियों का मानना है कि भगवान श्रीराम का जीवन केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं, बल्कि सत्य, मर्यादा, त्याग, कर्तव्य, सेवा, संयम और धर्म जैसे जीवन मूल्यों का संदेश देता है। आज की युवा पीढ़ी को भारतीय संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने में रामलीला जैसे आयोजनों की महत्वपूर्ण भूमिका है। इसलिए कमेटी का प्रयास है कि पारंपरिक रामलीला को समय की जरूरत के अनुरूप अधिक प्रभावी तरीके से प्रस्तुत किया जाए, ताकि बच्चे और युवा भी इससे जुड़ सकें। कमेटी का कहना है कि आयोजन की भव्यता के साथ-साथ उसकी धार्मिक गरिमा और मर्यादा को पूरी तरह बनाए रखना प्राथमिकता होगी।

    श्री धार्मिक रामलीला कमेटी ने तैयार किया भव्य आयोजन का खाका, 13 सितंबर को होगा बड़े बदलावों का खुलासा

    दर्शकों की सुविधा और व्यवस्थाओं पर भी फोकस

    बैठक में केवल मंचन और सजावट पर ही चर्चा नहीं हुई, बल्कि आयोजन स्थल पर आने वाले दर्शकों की सुविधाओं को लेकर भी गंभीर मंथन किया गया। रामलीला में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पार्किंग, प्रवेश, बैठने की व्यवस्था, सुरक्षा, अनुशासन और अन्य जरूरी व्यवस्थाओं को मजबूत करने पर जोर दिया गया। कमेटी के सदस्यों ने कहा कि किसी भी बड़े आयोजन की सफलता केवल उसकी भव्यता से नहीं, बल्कि बेहतर प्रबंधन और दर्शकों को मिलने वाली सुविधाओं से भी तय होती है। इसलिए इस बार आयोजन को अधिक व्यवस्थित तरीके से संचालित करने का प्रयास किया जाएगा।

    गोस्वामी सुशील जी महाराज के मार्गदर्शन में बनी रणनीति

    बैठक में मुख्य संस्थापक परम पूज्य गोस्वामी सुशील जी महाराज का मार्गदर्शन महत्वपूर्ण रहा। उन्होंने आयोजन की धार्मिक गरिमा को बनाए रखते हुए इसे भव्य और प्रभावशाली बनाने पर जोर दिया। उनके सानिध्य में कमेटी के सदस्यों ने अपने सुझाव साझा किए और रामलीला को सफल बनाने के लिए सामूहिक प्रयास करने पर सहमति जताई।

    अध्यक्ष आनंद भाटी ने दिए सामूहिक प्रयास के निर्देश

    कमेटी के अध्यक्ष आनंद भाटी ने बैठक का संचालन करते हुए विभिन्न विषयों पर सदस्यों से सुझाव लिए। उन्होंने कहा कि इतने बड़े धार्मिक आयोजन को सफल बनाने के लिए पूरी टीम और समाज का सहयोग आवश्यक है। उन्होंने सभी सदस्यों से जिम्मेदारियों को मिलकर निभाने और आयोजन को सफल बनाने के लिए पूरी ऊर्जा के साथ काम करने का आह्वान किया।

    बैठक में ये लोग रहे मौजूद

    बैठक में गोस्वामी सुशील जी महाराज, शेर सिंह भाटी, सुशील नागर, बालकिशन सफीपुर, धीरज शर्मा, आनंद भाटी, ममता तिवारी, अतुल आनंद, उमेश गौतम, महेश शर्मा बदौली, सत्यवीर मुखिया, पीपी शर्मा, फिरे प्रधान, महेश कमांडो, चैन पाल प्रधान, रोशनी सिंह, यशपाल नागर, वीरपाल मावी, भगवत भाटी, तेज कुमार भाटी और पवन भाटी सहित कमेटी के पदाधिकारी एवं सदस्य मौजूद रहे। सभी सदस्यों ने आगामी रामलीला को भव्य, व्यवस्थित और ऐतिहासिक बनाने के लिए अपने सुझाव रखे तथा सामूहिक रूप से आयोजन की तैयारियों में जुटने का संकल्प लिया।

    अब सबकी नजर 13 सितंबर पर है। इसी दिन भूमि पूजन के साथ श्री धार्मिक रामलीला कमेटी की इस वर्ष की रामलीला के नए स्वरूप और विशेष तैयारियों से पर्दा उठेगा। फिलहाल कमेटी ने अपने कई पत्ते खुले नहीं किए हैं। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि सेक्टर पाई-1 की रामलीला में इस बार क्या नया होगा, मंचन का स्वरूप कितना बदलेगा और दर्शकों के लिए कौन-कौन सी विशेष व्यवस्थाएं सामने आएंगी।

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