ग्रेटर नोएडा, द न्यूज क्लिक।
ग्रेटर नोएडा ने एक बार फिर देश की तकनीकी शिक्षा के मानचित्र पर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। भारत के महान वैज्ञानिक और अंतरिक्ष कार्यक्रम के जनक डॉ. विक्रम साराभाई के नाम पर स्थापित विक्रम साराभाई इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (VSIET) का भव्य उद्घाटन समारोह शानदार और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। यह केवल एक नए इंजीनियरिंग संस्थान का शुभारंभ नहीं था, बल्कि आधुनिक, नवाचार आधारित और उद्योग-केंद्रित शिक्षा के एक नए अध्याय की शुरुआत भी थी। ग्रेटर नोएडा स्थित टिवोली में आयोजित इस भव्य समारोह में शिक्षा, उद्योग, प्रशासन और कॉर्पोरेट जगत की कई प्रतिष्ठित हस्तियों ने भाग लिया। कार्यक्रम में मंत्रालयों के प्रतिनिधियों, वरिष्ठ शिक्षाविदों, उद्योग विशेषज्ञों, कॉर्पोरेट लीडर्स तथा विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य अतिथियों की मौजूदगी ने इस आयोजन को राष्ट्रीय स्तर का स्वरूप प्रदान किया। पूरे कार्यक्रम के दौरान शिक्षा, तकनीक, नवाचार और भविष्य के भारत को लेकर सकारात्मक सोच का माहौल दिखाई दिया।
लॉन्च फिल्म ने दिखाई भविष्य की इंजीनियरिंग शिक्षा की झलक
कार्यक्रम का सबसे आकर्षक क्षण वह रहा जब संस्थान की आधिकारिक लॉन्च फिल्म प्रस्तुत की गई। इस फिल्म में VSIET की भविष्य की कार्ययोजना, आधुनिक शिक्षा प्रणाली, उद्योग-अकादमिक सहयोग, नवाचार आधारित शिक्षण मॉडल और छात्रों को वैश्विक स्तर के इंजीनियर बनाने की सोच को प्रभावशाली ढंग से प्रदर्शित किया गया।
फिल्म में यह संदेश दिया गया कि आज के दौर में केवल डिग्री पर्याप्त नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों को ऐसी शिक्षा की आवश्यकता है जो उन्हें उद्योग की वास्तविक चुनौतियों के लिए तैयार करे। इसी उद्देश्य के साथ VSIET अपने छात्रों को तकनीकी ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक अनुभव, नेतृत्व क्षमता और नवाचार की सोच विकसित करने पर विशेष ध्यान देगा।
आधिकारिक प्रॉस्पेक्टस का हुआ लोकार्पण
समारोह के दौरान संस्थान के आधिकारिक प्रॉस्पेक्टस का भी विधिवत लोकार्पण किया गया। इस प्रॉस्पेक्टस में विभिन्न इंजीनियरिंग कार्यक्रमों, अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं, स्मार्ट क्लासरूम, अनुसंधान सुविधाओं, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग, रोबोटिक्स, डेटा साइंस, स्टार्टअप इनक्यूबेशन और कौशल विकास कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी गई।
संस्थान ने स्पष्ट किया कि यहां शिक्षा केवल पुस्तकों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि छात्रों को उद्योगों के साथ जोड़कर उन्हें वास्तविक परियोजनाओं पर कार्य करने का अवसर भी मिलेगा।
एनईपी के अनुरूप तैयार होगा नया शैक्षणिक मॉडल
VSIET का पूरा शैक्षणिक ढांचा राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अनुरूप तैयार किया गया है। संस्थान बहु-विषयक शिक्षा, स्किल डेवलपमेंट, रिसर्च, इनोवेशन और इंडस्ट्री इंटीग्रेशन को प्राथमिकता देगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि भविष्य में वही इंजीनियर सफल होंगे जो तकनीकी ज्ञान के साथ समस्या समाधान, नवाचार और नेतृत्व क्षमता रखते हों। VSIET का उद्देश्य ऐसे ही विद्यार्थियों को तैयार करना है जो वैश्विक स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व कर सकें।
मैनेजिंग डायरेक्टर सुजीत रॉय ने साझा किया विज़न
संस्थान के मैनेजिंग डायरेक्टर श्री सुजीत रॉय ने कहा कि VSIET की स्थापना का उद्देश्य केवल इंजीनियरिंग की पढ़ाई कराना नहीं, बल्कि ऐसे युवा तैयार करना है जो उद्योग, समाज और राष्ट्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकें।
उन्होंने कहा कि तेजी से बदलती तकनीकी दुनिया में विद्यार्थियों को पारंपरिक शिक्षा से आगे बढ़कर आधुनिक तकनीकों, नवाचार और व्यावहारिक अनुभव से जोड़ना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। इसी सोच के साथ VSIET में ऐसा शैक्षणिक वातावरण तैयार किया गया है जहां छात्र सीखने के साथ-साथ प्रयोग भी करेंगे।
डॉ. विक्रम साराभाई की प्रेरणा बनेगी संस्थान की पहचान
संस्थान का नाम भारत के महान वैज्ञानिक डॉ. विक्रम साराभाई के नाम पर रखा गया है, जिन्होंने भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम की मजबूत नींव रखी। उनके वैज्ञानिक दृष्टिकोण, नवाचार और राष्ट्र निर्माण की भावना को ही VSIET अपने शैक्षणिक दर्शन का आधार बना रहा है।
संस्थान का मानना है कि यदि विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, अनुसंधान की प्रवृत्ति और नवाचार की भावना विकसित की जाए, तो वे केवल नौकरी तलाशने वाले नहीं बल्कि रोजगार सृजित करने वाले युवा बन सकते हैं।
इंडस्ट्री-अकादमिक सहयोग पर रहेगा विशेष फोकस
VSIET की सबसे बड़ी विशेषता उद्योग और शिक्षा के बीच मजबूत तालमेल रहेगा। संस्थान विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के साथ मिलकर छात्रों को इंटर्नशिप, लाइव प्रोजेक्ट, इंडस्ट्रियल विजिट, रिसर्च और प्लेसमेंट के अवसर उपलब्ध कराएगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि आज की प्रतिस्पर्धी दुनिया में वही संस्थान सफल हैं जो अपने छात्रों को उद्योग की वास्तविक आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करते हैं और VSIET ने शुरुआत से ही इसी दिशा में कदम बढ़ाया है।
संगीत, संस्कृति और उत्साह से यादगार बना उद्घाटन समारोह
औपचारिक कार्यक्रम के बाद प्रसिद्ध बॉलीवुड बैंड की शानदार प्रस्तुति ने पूरे माहौल को उत्साह से भर दिया। संगीतमय संध्या, कॉकटेल एवं भव्य रात्रिभोज के साथ समारोह का समापन हुआ। अतिथियों ने संस्थान की आधुनिक सोच और शानदार आयोजन की सराहना करते हुए इसे ग्रेटर नोएडा की शिक्षा जगत के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।
तकनीकी शिक्षा में नया मील का पत्थर बनने की ओर VSIET
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि VSIET आने वाले वर्षों में तकनीकी शिक्षा, अनुसंधान, नवाचार और उद्योग सहयोग के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान स्थापित करेगा। आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, अनुभवी फैकल्टी, अत्याधुनिक लैब्स और उद्योग-केंद्रित शिक्षा प्रणाली इसे देश के उभरते इंजीनियरिंग संस्थानों की अग्रिम पंक्ति में खड़ा कर सकती है।
ग्रेटर नोएडा पहले से ही शिक्षा और औद्योगिक विकास का बड़ा केंद्र बन चुका है। ऐसे में VSIET की शुरुआत इस क्षेत्र की शैक्षणिक प्रतिष्ठा को और अधिक मजबूत करने वाली साबित हो सकती है।

