यूपी, द न्यूज क्लिक। उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले में तैनात जिला पूर्ति अधिकारी (DSO) सीमा चौधरी इन दिनों एक गंभीर कानूनी विवाद को लेकर सुर्खियों में हैं। उनके खिलाफ उनकी ही मां मुनेश रानी की शिकायत पर सहारनपुर के सरसावा थाने में धोखाधड़ी, जालसाजी, आपराधिक साजिश और धमकी सहित कई गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई है। मामला सामने आने के बाद प्रशासनिक और सामाजिक हलकों में इसकी व्यापक चर्चा हो रही है।
मां ने लगाए गंभीर आरोप
शिकायतकर्ता मुनेश रानी, जो सहारनपुर जिले की निवासी हैं, ने आरोप लगाया है कि उनकी बेटी सीमा चौधरी ने उनकी जानकारी और सहमति के बिना उनके नाम से बैंक खाता संचालित किया तथा उसमें लाखों रुपये का लेन-देन किया। इतना ही नहीं, उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी जमीन हड़पने के उद्देश्य से फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए और संपत्ति पर कब्जा करने की साजिश रची गई। मुनेश रानी का यह भी आरोप है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया तो उन्हें धमकियां दी गईं। शिकायत के आधार पर पुलिस ने प्रारंभिक जांच के बाद मामला दर्ज कर लिया है।

इन लोगों को भी बनाया गया नामजद
सहारनपुर के सरसावा थाने में दर्ज एफआईआर में सीमा चौधरी के अलावा संजीव कुमार, गंभीर, राजेंद्र राणा और नरेश कुमार को भी नामजद किया गया है। पुलिस का कहना है कि सभी आरोपों की निष्पक्ष जांच की जाएगी और बैंक खातों के लेन-देन, दस्तावेजों तथा संपत्ति से जुड़े रिकॉर्ड की भी गहन जांच की जाएगी।
क्या है सीमा चौधरी की वर्तमान जिम्मेदारी?
सीमा चौधरी उत्तर प्रदेश सरकार की पीसीएस अधिकारी हैं और वर्तमान में हापुड़ जिले में जिला पूर्ति अधिकारी (District Supply Officer – DSO) के पद पर कार्यरत हैं। जिला पूर्ति अधिकारी सार्वजनिक वितरण प्रणाली (राशन व्यवस्था), खाद्यान्न वितरण तथा आवश्यक वस्तु अधिनियम से जुड़े मामलों की निगरानी और संचालन की जिम्मेदारी संभालते हैं।
पुलिस ने शुरू की जांच
पुलिस अधिकारियों के अनुसार शिकायत मिलने के बाद मामले की प्रारंभिक जांच कराई गई, जिसके आधार पर एफआईआर दर्ज की गई है। अब सभी तथ्यों, दस्तावेजों और बैंक रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अभी तक नहीं आया सीमा चौधरी का पक्ष
इस पूरे मामले में अभी तक जिला पूर्ति अधिकारी सीमा चौधरी की ओर से कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। ऐसे में पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आरोपों में कितनी सच्चाई है।
फिलहाल, अपनी ही मां द्वारा गंभीर आरोप लगाए जाने और एफआईआर दर्ज होने के बाद पीसीएस अधिकारी सीमा चौधरी का मामला उत्तर प्रदेश में चर्चा का प्रमुख विषय बना हुआ है।

