ग्रेटर नोएडा, द न्यूज क्लिक। स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में तेजी से बदलती आवश्यकताओं और बढ़ती प्रतिस्पर्धा को ध्यान में रखते हुए शारदा यूनिवर्सिटी ने अंतिम वर्ष के नर्सिंग विद्यार्थियों के लिए ‘Campus to Care – Industry Ready’ प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफल आयोजन किया। इस विशेष पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल अकादमिक ज्ञान तक सीमित न रखते हुए उन्हें अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों की वास्तविक कार्यप्रणाली, पेशेवर व्यवहार, संचार कौशल तथा भर्ती प्रक्रियाओं के अनुरूप पूरी तरह तैयार करना था।
नर्सिंग विद्यार्थियों को इंडस्ट्री की जरूरतों के अनुरूप बनाया सक्षम
कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में सफल करियर के लिए आवश्यक सॉफ्ट स्किल्स, प्रभावी कम्युनिकेशन, प्रोफेशनल एटीकेट, इंटरव्यू तकनीक और कार्यस्थल के व्यवहार पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया। इंटरैक्टिव सत्रों, मॉक इंटरव्यू, ग्रुप डिस्कशन और करियर काउंसलिंग गतिविधियों के माध्यम से छात्रों को वास्तविक भर्ती प्रक्रियाओं का व्यावहारिक अनुभव भी कराया गया।
रिज्यूमे से लेकर हॉस्पिटल वर्क कल्चर तक मिला व्यावहारिक प्रशिक्षण
इस पहल के तहत विद्यार्थियों को प्रभावी रिज्यूमे तैयार करने, आत्मविश्वास के साथ सेल्फ इंट्रोडक्शन देने, इंटरव्यू में अपनी बात प्रभावी ढंग से रखने, प्रोफेशनल ग्रूमिंग, हॉस्पिटल वर्क कल्चर और नर्सिंग पेशे से जुड़े नैतिक मूल्यों की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही टीमवर्क, नेतृत्व क्षमता, समस्या समाधान और निर्णय लेने जैसी महत्वपूर्ण प्रोफेशनल स्किल्स को भी मजबूत बनाने पर विशेष जोर दिया गया।

“नर्सिंग सेवा और जिम्मेदारी का पेशा है” — प्रो. (डॉ.) आर. श्रीराजा कुमार
शारदा स्कूल ऑफ नर्सिंग साइंस एंड रिसर्च के डीन प्रो. (डॉ.) आर. श्रीराजा कुमार ने कहा कि नर्सिंग केवल एक पेशा नहीं, बल्कि सेवा, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी का प्रतीक है। उन्होंने कहा,
“आज के प्रतिस्पर्धी दौर में विद्यार्थियों के लिए केवल विषय का ज्ञान पर्याप्त नहीं है। प्रभावी संवाद कौशल, आत्मविश्वास और पेशेवर व्यवहार भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं। ‘Campus to Care – Industry Ready’ पहल ने हमारे विद्यार्थियों को इंडस्ट्री की वास्तविक अपेक्षाओं को समझने और अपने करियर की मजबूत शुरुआत करने का उत्कृष्ट अवसर प्रदान किया है।”
“डिग्री के साथ आत्मविश्वास और व्यावसायिक दक्षता भी जरूरी” — धीरज शर्मा
शारदा स्किल्स एंड करियर सर्विसेज के डायरेक्टर धीरज शर्मा ने कहा कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल डिग्री प्रदान करना नहीं, बल्कि उन्हें उद्योग जगत की अपेक्षाओं के अनुरूप पूरी तरह तैयार करना है।
उन्होंने कहा,
“हमारा प्रयास है कि शारदा यूनिवर्सिटी के विद्यार्थी शिक्षा पूरी करने के बाद पूरी तैयारी, आत्मविश्वास और व्यावसायिक दक्षता के साथ अपने करियर की शुरुआत करें। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम ने उन्हें इंटरव्यू, कार्यस्थल की चुनौतियों और स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र की वास्तविक जरूरतों के लिए बेहतर ढंग से तैयार किया है, जिससे वे एक सक्षम, संवेदनशील और जिम्मेदार नर्सिंग प्रोफेशनल के रूप में अपनी पहचान बना सकें।”

फैकल्टी और विशेषज्ञों की रही सक्रिय भागीदारी
कार्यक्रम में डॉ. सुपर्णा कपूर, डॉ. मिनाती पांजा, डॉ. परिचर्ला वरप्रसाद, नर्सिंग सुपरिटेंडेंट डॉ. आशा वर्गीज, डॉ. क्रिस्टा मैथ्यू, डॉ. अनामिका चरण, डॉ. फैम अहमद, डॉ. चंद्रभानु, डॉ. सुप्रवा बेहेरा, डॉ. नाजिया परवीन सहित विभिन्न विभागों के डीन, फैकल्टी सदस्य, स्टाफ और बड़ी संख्या में नर्सिंग विद्यार्थियों ने भाग लिया।
भविष्य के स्वास्थ्य कर्मियों को मिली नई दिशा
‘Campus to Care – Industry Ready’ पहल ने अंतिम वर्ष के नर्सिंग विद्यार्थियों को न केवल रोजगार के बेहतर अवसरों के लिए तैयार किया, बल्कि उन्हें स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र की चुनौतियों, पेशेवर अपेक्षाओं और मानवीय मूल्यों को समझने का भी अवसर प्रदान किया। विश्वविद्यालय का मानना है कि इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम भविष्य के नर्सिंग प्रोफेशनल्स को अधिक सक्षम, आत्मविश्वासी और इंडस्ट्री-रेडी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

