ग्रेटर नोएडा, द न्यूज क्लिक। लॉयड ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस (फार्मेसी), ग्रेटर नोएडा द्वारा आयोजित पांच दिवसीय “एडवांस्ड एनालिटिकल टेक्नीक्स एंड इंस्ट्रूमेंटेशन” समर ट्रेनिंग प्रोग्राम का सफलतापूर्वक समापन हो गया। 20 से 24 जुलाई तक आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में देश के विभिन्न राज्यों से आए विद्यार्थियों और शिक्षकों ने अत्याधुनिक वैज्ञानिक उपकरणों पर व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त किया। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा और उत्तराखंड सहित पांच राज्यों के 25 से अधिक प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों के 84 प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
आधुनिक वैज्ञानिक उपकरणों पर मिला हैंड्स-ऑन प्रशिक्षण
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य प्रतिभागियों को आधुनिक फार्मास्यूटिकल विश्लेषण तकनीकों और अत्याधुनिक वैज्ञानिक उपकरणों के संचालन एवं उनके औद्योगिक उपयोग का व्यावहारिक अनुभव प्रदान करना था। पांच दिनों तक विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों को GC-MS, RT-PCR, HPLC, FTIR, UV-Visible Spectrophotometer, Malvern Zeta Sizer, Probe Sonicator, Dissolution Apparatus तथा In-Silico Studies जैसी उन्नत तकनीकों की विस्तृत जानकारी दी। इसके साथ ही सभी प्रतिभागियों को इन उपकरणों पर हैंड्स-ऑन प्रशिक्षण भी दिया गया, जिससे उन्होंने नमूनों के विश्लेषण, डेटा इंटरप्रिटेशन, अनुसंधान एवं औद्योगिक अनुप्रयोगों की गहन समझ विकसित की।
तकनीकी दक्षता और शोध क्षमता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल
कार्यक्रम के उद्घाटन अवसर पर प्रो. वंदना अरोड़ा सेठी, चीफ स्ट्रेटेजी ऑफिसर एवं हेड ऑफ ग्रोथ, लॉयड ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस ने कहा कि फार्मास्यूटिकल उद्योग तेजी से नई तकनीकों को अपना रहा है। ऐसे में विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए अत्याधुनिक वैज्ञानिक उपकरणों का व्यावहारिक ज्ञान अत्यंत आवश्यक हो गया है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रतिभागियों की तकनीकी दक्षता, अनुसंधान क्षमता और नवाचार की सोच को विकसित करते हैं तथा उन्हें उद्योग की वर्तमान आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कार्यक्रम की सफलता के लिए विशेषज्ञ वक्ताओं, प्रतिभागियों और आयोजन समिति को बधाई देते हुए भविष्य में भी ऐसे उद्योग एवं शोध आधारित कार्यक्रम आयोजित करने की प्रतिबद्धता दोहराई।

देश के प्रतिष्ठित संस्थानों की रही भागीदारी
इस समर ट्रेनिंग प्रोग्राम में डॉ. हरि सिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय (सागर), उत्तर प्रदेश यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज (सैफई), गलगोटिया यूनिवर्सिटी, गलगोटिया कॉलेज ऑफ फार्मेसी, KIET डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी, के.आर. मंगलम यूनिवर्सिटी, लिंगाया विद्यापीठ, ABESIT कॉलेज ऑफ फार्मेसी, IEC कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी, राम-ईश इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी, मंगलायतन यूनिवर्सिटी, डॉ. के.एन. मोदी इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मास्यूटिकल एजुकेशन एंड रिसर्च, IPS अकादमी, LNCT स्कूल ऑफ फार्मेसी, एक्सिस इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी तथा गुरुकुल कांगड़ी (डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी) सहित कई प्रतिष्ठित संस्थानों के विद्यार्थी एवं शिक्षक शामिल हुए।
क्विज प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने दिखाई प्रतिभा
समापन समारोह के दौरान आयोजित ज्ञानवर्धक क्विज प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने अपनी उत्कृष्ट प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता के परिणाम इस प्रकार रहे—प्रथम पुरस्कार: टीशा वार्ष्णेय (लॉयड इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी)
- द्वितीय पुरस्कार: हर्ष श्रीवास्तव (के.आर. मंगलम यूनिवर्सिटी)
- तृतीय पुरस्कार: आदित्य सिन्हा (लॉयड इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी)। विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए गए, जबकि प्रशिक्षण कार्यक्रम में शामिल सभी प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया।
उद्योगोन्मुख शिक्षा को मिलेगा बढ़ावा
आयोजकों ने बताया कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्यार्थियों को केवल सैद्धांतिक ज्ञान तक सीमित नहीं रखते, बल्कि उन्हें अत्याधुनिक उपकरणों पर व्यावहारिक अनुभव प्रदान कर उद्योग और अनुसंधान की वास्तविक चुनौतियों के लिए तैयार करते हैं। भविष्य में भी लॉयड ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस इस तरह के कौशल विकास एवं शोधोन्मुख कार्यक्रम आयोजित करता रहेगा। इस प्रकार के कौशल आधारित प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्यार्थियों को केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं रखते, बल्कि उन्हें आधुनिक प्रयोगशालाओं, वैज्ञानिक उपकरणों और उद्योग की वास्तविक कार्यप्रणाली से जोड़ते हैं। यही कारण है कि लॉयड ग्रुप भविष्य में भी ऐसे शोध एवं उद्योग आधारित कार्यक्रमों का आयोजन करता रहेगा, ताकि युवा वैज्ञानिक और फार्मेसी प्रोफेशनल वैश्विक स्तर की प्रतिस्पर्धा के लिए पूरी तरह तैयार हो सकें।

